मिलने वाले लाभ कार्यक्षेत्र राज्य के समस्त जिले। उद्देश्य ठेका में कार्य करने वाले कृषि मजदूरों के समूह की क्षमता बढ़ाने एवं कृषि कार्यो को सरल, श्रम साध्य बनाने हेतु कृषि औजार, यंत्र एवं उपकरण के किट का निःशुल्क वितरण। हितग्राही की पात्रता कृषि मजदूर समूह जिसका न्यूनतम आकार 10 कृषि मजदूर हो। महिला कृषि मजदूरों के स्वसहायता समूह को प्राथमिकता। मिलने वाले लाभ प्रति कृषि मजदूर समूह रू. 42,000/- के कृषि यंत्र उपकरण के निम्नानुसार किट :- सीड कम फर्टिलाईज ड्रिल – 2 डोरा-2 सायकल व्हील हो-10 हैण्ड/फुट स्प्रेयर-3 मार्कर-2 मक्का छीलक यंत्र-10 पॉवर स्प्रेयर-1 सीड ट्रिंटिंग ड्रम-1 अंबिकापैडी वीडर/रोजरी वीडर-10 फर्टिलाईजर ब्राडकास्टर-2 उन्नत कांटेदार हंसिया-10 कृषि यंत्रों/उपकरणों के रख-रखाव एवं उपयोग संबंधी प्रशिक्षण हेतु राशि रू. 3000/- प्रति कृषक। कृषि यंत्र सेवा केन्द्रों की स्थापना कार्यक्षेत्र राज्य के समस्त जिले। उद्देश्य राज्य में उन्नत कृषि मशीनों/यंत्रों से कृषि कार्यो को प्रोत्साहन, निजी क्षेत्र में कृषि उद्यम को बढ़ावा एवं ग्रामीण स्तर पर कृषकों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना। हितग्राही की पात्रता निजी क्षेत्र के इच्छुक कृषि उद्यमियों/स्वसहायता समूहों/पंजीकृत सहकारी समितियों को लाभ देय। कृषि स्नातक/कृषि इंजीनिरिंग आवेदकों को प्राथमिकता। मिलने वाला लाभ सामान्य क्षेत्र हेतु कृषि यंत्र सेवा केन्द्र की स्थापना, न्यूनतम लागत 25 लाख के कृषि उपकरण एवं मशीन क्रय करने पर 10 लाख तक का अनुदान। उपयोजना क्षेत्र हेतु न्यूनतम लागत 25 लाख के कृषि उपकरण एवं मशीन क्रय करने पर 10 लाख एवं 15 लाख के कृषि उपकरण एवं मशीन क्रय करने पर 7.50 लाख का अनुदान। किसान समृद्धि योजना कार्यक्षेत्र राज्य के समस्त जिले। उद्देश्य प्रदेश में उपलब्ध भू-जल का नलकूपों द्वारा समुचित उपयोग एवं फसलों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराकर उत्पादकता एवं फसल सघनता में वृद्धि करना। हितग्राही की पात्रता सभी श्रेणी के कृषक योजना में लाभान्वित किये जाते हैं परन्तु लघु, सीमान्त कृषकों को प्राथमिकता दी जाती है। मिलने वाला लाभ नलकूप खनन एवं पंप स्थापना हेतु अनुसूचित जाति/अनु. जनजाति वर्ग के कृषकों को रू. 43000/-, अन्य पिछड़ा वर्ग के कृषकों को रू. 35000/- एवं सामान्य वर्ग के कृषकों को रू. 25000/- अधिकतम अनुदान दिये जाने का प्रावधान है। स्त्रोत : किसान पोर्टल,भारत सरकार